कटेया SBI बैंक में ई-केवाईसी कराने पहुंचे ग्राहकों की बढ़ी मुश्किलें, घंटों इंतजार के बाद भी कई आवेदन रिजेक्ट
कटेया (गोपालगंज): गोपालगंज जिले के कटेया स्थित भारतीय स्टेट बैंक (SBI) की मुख्य शाखा में इन दिनों e-KYC कराने पहुंचे ग्राहकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बैंक में सुबह से लंबी कतारों में खड़े रहने के बावजूद कई ग्राहकों का काम पूरा नहीं हो पा रहा है। ग्राहकों का आरोप है कि उन्हें एक काउंटर से दूसरे काउंटर तक भेजा जा रहा है और घंटों इंतजार के बाद भी उनका e-KYC रिजेक्ट बता दिया जाता है।
मंगलवार को बैंक में बड़ी संख्या में ग्राहक ई-केवाईसी अपडेट कराने पहुंचे। इनमें शामिल ग्राहक प्रीति कुमारी ने बताया कि उनका खाता कटेया के एक सीएसपी (Customer Service Point) के माध्यम से संचालित है। बैंक अधिकारियों के निर्देश पर वह सुबह से ही मुख्य शाखा में पहुंच गई थीं ताकि समय रहते उनका ई-केवाईसी पूरा हो सके।
उन्होंने बताया कि बैंक में पहले उन्हें काउंटर संख्या चार पर भेजा गया। वहां से काउंटर संख्या पांच और फिर फील्ड ऑफिसर के पास जाने के लिए कहा गया। पूरे दिन अलग-अलग काउंटरों का चक्कर लगाने के बाद भी उनका काम पूरा नहीं हुआ। शाम करीब चार बजे उन्हें यह कहकर वापस लौटा दिया गया कि उनका e-KYC रिजेक्ट हो गया है।
प्रीति कुमारी ने बताया कि वह अपने छोटे-छोटे बच्चों को घर पर छोड़कर बैंक आई थीं। उन्हें उम्मीद थी कि कुछ ही घंटों में काम पूरा हो जाएगा, लेकिन पूरा दिन बैंक परिसर में ही गुजर गया। उनका कहना है कि यदि पहले ही सही जानकारी और उचित मार्गदर्शन मिल जाता तो उन्हें इतनी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता।
ग्राहक के अनुसार जब उन्होंने इस मामले की शिकायत शाखा प्रबंधन से की तो उन्हें सलाह दी गई कि यदि बार-बार ऐसी समस्या आ रही है तो अपने सीएसपी वाले खाते को कटेया मुख्य शाखा में ट्रांसफर करा लें। अन्यथा भविष्य में भी इसी तरह की दिक्कतें आती रह सकती हैं।
बैंक में मौजूद अन्य ग्राहकों ने भी इसी तरह की शिकायतें कीं। उनका कहना है कि e-KYC जैसी महत्वपूर्ण बैंकिंग प्रक्रिया के लिए स्पष्ट और सुव्यवस्थित व्यवस्था होनी चाहिए। यदि किसी ग्राहक के दस्तावेज़ या प्रक्रिया में कोई कमी है तो उसकी जानकारी शुरुआत में ही दे दी जानी चाहिए, ताकि लोगों को घंटों लाइन में लगने और बार-बार काउंटर बदलने की परेशानी न झेलनी पड़े।
ग्राहकों ने बैंक प्रबंधन से मांग की है कि ई-केवाईसी के लिए अलग हेल्प डेस्क या विशेष काउंटर की व्यवस्था की जाए। इससे वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं और दूर-दराज से आने वाले ग्राहकों को राहत मिलेगी। साथ ही बैंक कर्मचारियों को भी ग्राहकों को स्पष्ट जानकारी देने का निर्देश दिया जाना चाहिए।

स्थानीय लोगों का कहना है कि डिजिटल बैंकिंग और ई-केवाईसी जैसी सुविधाओं का उद्देश्य ग्राहकों को बेहतर सेवा देना है, लेकिन यदि व्यवस्था सुचारु नहीं होगी तो लोगों का समय और मेहनत दोनों बर्बाद होंगे। ग्राहकों ने उम्मीद जताई है कि बैंक प्रबंधन जल्द ही इस समस्या का समाधान करेगा ताकि भविष्य में किसी भी ग्राहक को ऐसी परेशानियों का सामना न करना पड़े।






