राजेंद्र कॉलेज में ABVP का आक्रोश आंदोलन, प्राचार्य ने 1 माह में समाधान का दिया आश्वासन
छपरा, 21 अगस्त 2026: राजेंद्र कॉलेज में छात्र-छात्राओं की मूलभूत समस्याओं को लेकर शुक्रवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के नेतृत्व में आक्रोश आंदोलन किया गया। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने कॉलेज परिसर में प्रदर्शन करते हुए प्राचार्य कक्ष के समक्ष पहुंचकर अपनी मांगें रखीं। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने प्राचार्य का घेराव कर लंबे समय से लंबित समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।
आंदोलन के दौरान छात्र-छात्राओं ने कॉलेज में व्याप्त विभिन्न मूलभूत समस्याओं को लेकर कॉलेज प्रशासन से स्पष्ट जवाब मांगा। विद्यार्थियों का कहना था कि लंबे समय से सुविधाओं से जुड़ी कई समस्याओं के कारण उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। छात्रों ने कहा कि इन समस्याओं को लगातार नजरअंदाज नहीं किया जा सकता और कॉलेज प्रशासन को छात्रहित में ठोस कदम उठाने चाहिए।
विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने प्राचार्य के समक्ष अपनी मांगों को मजबूती से रखा और समस्याओं के समाधान के लिए समय-सीमा तय करने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कॉलेज प्रशासन और विद्यार्थियों के बीच बातचीत भी हुई।
आंदोलन के बाद प्राचार्य ने छात्र-छात्राओं से वार्ता की और उनकी मांगों को गंभीरता से सुना। वार्ता के बाद प्राचार्य की ओर से विद्यार्थियों को आश्वासन दिया गया कि एक माह के भीतर प्रमुख मांगों और समस्याओं के समाधान की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
प्राचार्य के इस आश्वासन के बाद विद्यार्थी परिषद ने फिलहाल निर्धारित समय-सीमा का सम्मान करने की बात कही। हालांकि परिषद ने यह भी स्पष्ट कर दिया कि यदि एक माह के भीतर समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो संगठन दोबारा आंदोलन करेगा और आंदोलन को और तेज किया जा सकता है। विद्यार्थी परिषद ने कहा कि छात्र-छात्राओं से जुड़े मूलभूत मुद्दों पर किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। संगठन का कहना है कि कॉलेज में विद्यार्थियों को आवश्यक सुविधाएं और उनका अधिकार दिलाने के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
ABVP कार्यकर्ताओं ने कॉलेज प्रशासन से यह भी मांग की कि विद्यार्थियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना जाए और उनके समाधान के लिए नियमित संवाद की व्यवस्था मजबूत की जाए।
आंदोलन के दौरान विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने प्राचार्य के समक्ष एक अन्य महत्वपूर्ण मुद्दा भी उठाया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि छात्र-छात्राओं के साथ किसी भी परिस्थिति में अभद्र या अमर्यादित भाषा का प्रयोग नहीं किया जाना चाहिए। विद्यार्थी परिषद ने कहा कि कॉलेज प्रशासन और विद्यार्थियों के बीच संवाद मर्यादित, संयमित और सम्मानजनक होना चाहिए। संगठन ने कॉलेज की गरिमा और प्रतिष्ठा को ध्यान में रखते हुए विद्यार्थियों के साथ उचित व्यवहार सुनिश्चित करने की मांग की।
इस पर प्राचार्य ने आश्वासन दिया कि भविष्य में छात्र-छात्राओं से बातचीत के दौरान मर्यादित भाषा, संयम और सम्मानजनक व्यवहार का ध्यान रखा जाएगा। साथ ही कॉलेज की गरिमा और प्रतिष्ठा को बनाए रखने की बात भी कही गई।
आंदोलन के दौरान विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक भास्कर कुमार, नगर सह मंत्री एवं राजेंद्र कॉलेज पालक रितिक कुमार सिंह, शिवम मिश्रा, रंकित कुमार, सिया सिंह, इकाई अध्यक्ष राकेश शर्मा, शशि कुमार, धीरज कुमार, रितेश कुमार और संदीप कुमार समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
अब सभी की नजर कॉलेज प्रशासन की ओर से किए गए एक माह के आश्वासन पर है। यदि तय अवधि में विद्यार्थियों की प्रमुख समस्याओं का समाधान होता है तो आंदोलन समाप्त माना जा सकता है। वहीं, विद्यार्थी परिषद ने साफ कर दिया है कि आश्वासन के बावजूद समस्याएं बनी रहीं तो संगठन फिर से आंदोलन का रास्ता अपना सकता है।

FAQ – abvp Chhapra News
1. राजेंद्र कॉलेज में ABVP ने आंदोलन क्यों किया?
ABVP ने छात्र-छात्राओं की मूलभूत समस्याओं और कॉलेज में सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों को लेकर आक्रोश आंदोलन किया।
2. राजेंद्र कॉलेज के प्राचार्य ने क्या आश्वासन दिया?
प्राचार्य ने छात्रों की प्रमुख मांगों और समस्याओं के समाधान के लिए एक माह के भीतर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
3. क्या ABVP ने आंदोलन खत्म कर दिया?
आश्वासन के बाद विद्यार्थी परिषद ने निर्धारित समय-सीमा का सम्मान करने की बात कही है। साथ ही समाधान नहीं होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी दी है।
4. छात्रों ने प्राचार्य के सामने कौन-सी बात उठाई?
छात्रों ने मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं के समाधान के साथ-साथ विद्यार्थियों के साथ सम्मानजनक और मर्यादित भाषा में संवाद की मांग भी रखी।
5. अगर एक महीने में समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो क्या होगा?
ABVP ने कहा है कि निर्धारित समय में समाधान नहीं होने पर संगठन पुनः आंदोलन कर सकता है और आंदोलन को तेज किया जा सकता है।
6. आंदोलन में कौन-कौन शामिल थे?
आंदोलन में जिला संयोजक भास्कर कुमार, रितिक कुमार सिंह, शिवम मिश्रा, रंकित कुमार, सिया सिंह, राकेश शर्मा, शशि कुमार, धीरज कुमार, रितेश कुमार और संदीप कुमार समेत कई कार्यकर्ता शामिल रहे।
7. यह आंदोलन कब हुआ?
यह आंदोलन 21 अगस्त 2026, शुक्रवार को राजेंद्र कॉलेज में किया गया।











