पटना/गोपालगंज: बिहार विधानसभा के ऐतिहासिक सदन में आयोजित “विकसित भारत युवा संसद” कार्यक्रम में उस वक्त तालियों की गूंज छा गई, जब गोपालगंज जिले की छात्रा मेघना ने अपने तार्किक भाषण से पूरे सदन का ध्यान अपनी ओर आकर्षित कर लिया।
महेंद्र महिला कॉलेज की प्रतिभाशाली छात्रा मेघना ने न सिर्फ जिला स्तरीय प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान हासिल किया, बल्कि राज्य स्तर पर भी अपने विचारों से एक मजबूत पहचान बनाई।
केंद्रीय बजट 2026: विकसित भारत 2047 की ओर युवा शक्ति विषय पर बोलते हुए मेघना ने युवाओं की भूमिका को बेहद प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। मेघना की भाषण की शुरुआत प्रेरणादायक पंक्तियों से हुई
“संकल्पों के साधक हो तुम, साहस भरी उड़ान हो,
तुम्ही मुकुट हो भारत का, तुम्ही हिंदुस्तान हो…”
इन पंक्तियों ने माहौल को ऊर्जा से भर दिया, बल्कि युवाओं के आत्मबल और जिम्मेदारी को भी उजागर किया।

मेघना ने अपने भाषण में कठोपनिषद का उल्लेख करते हुए युवाओं की परिभाषा को गहराई से समझाया। उन्होंने कहा कि—
- जिसकी ऊर्जा अक्षुण्ण हो
- जिसका संकल्प अटल हो
- जिसकी आस्था अडिग हो
वही सच्चा युवा है। मेघना ने युवाओं को सही दिशा देने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि आज का भारत विज्ञान, तकनीक, कला, साहित्य और पर्यावरण जैसे क्षेत्रों में विश्वगुरु बनने की क्षमता रखता है।
AI और डिजिटल इंडिया पर फोकस – (AI India, AVGC Budget 2026)
मेघना ने आधुनिक युग की जरूरतों को पहचानते हुए Artificial Intelligence (AI) और डिजिटल स्किल्स पर विशेष जोर दिया। मेघना ने कहा-
“आज का दौर AI का है, और हमें इसके साथ कदम मिलाकर चलना होगा।”
मेघना ने बजट 2026 में शामिल AVGC (Animation, Visual Effects, Gaming, Comics) लैब्स की सराहना की और इसे युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर बताया।
सोशल मीडिया पर युवाओं को चेतावनी-मेघना ने युवाओं को सोशल मीडिया (social media) के गलत उपयोग से बचने की सलाह दी। उन्होंने कहा—
- सिर्फ लाइक्स और व्यूज के पीछे न भागें
- भ्रामक जानकारी न फैलाएं
- अपनी संस्कृति और सभ्यता को दुनिया तक पहुंचाएं
मेघना का यह संदेश युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण सीख बनकर सामने आया।
सरकारी योजनाओं पर भी रखा पक्ष (Khelo India, Medical Tourism India) मेघना ने अपने भाषण में कई सरकारी पहलों का जिक्र किया, जिनमें शामिल हैं—
- खेलो इंडिया मिशन
- नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी अपग्रेडेशन
- मेडिकल वैल्यू टूरिज्म
मेघना ने कहा कि ये सभी योजनाएं युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए बेहद जरूरी हैं और भारत को वैश्विक स्तर पर मजबूत बनाती हैं।
जोश से भरा समापन
अपने भाषण के अंत में मेघना ने पूरे सदन को एकजुट होने का आह्वान किया – “आओ मेहनत को अपना ईमान बनाएं, अपने हाथों से अपना भगवान बनाएं…” मेघना की इन पंक्तियों ने कार्यक्रम को एक भावनात्मक और प्रेरणादायक मोड़ दे दिया।
परिवार और कॉलेज का योगदान
मेघना गोपालगंज के श्री कृष्णा नगर वार्ड-20 निवासी गोरख राम की पुत्री हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय—
- अपने माता-पिता
- महेंद्र महिला कॉलेज के शिक्षकों
- और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP)
को दिया। वह कॉलेज में ABVP की इकाई मंत्री के रूप में भी सक्रिय भूमिका निभा रही हैं।
बधाइयों का तांता
मेघना की इस उपलब्धि पर कई गणमान्य लोगों ने गर्व जताया, जिनमें शामिल हैं—
- विभाग संयोजक अनिश कुमार
- कला मंच प्रांत संयोजक हर्षिता कुमारी
- प्राचार्य प्रो. डॉ. अवध किशोर पांडेय
- NSS पदाधिकारी प्रो. पिंकी कुमारी
Bihar Yuva Sansad 2026 Meghna Kumari
गोपालगंज की बेटी मेघना ने यह साबित कर दिया कि अगर सोच मजबूत हो और हौसले बुलंद, तो छोटे शहरों से निकलकर भी राष्ट्रीय मंच पर अपनी पहचान बनाई जा सकती है। उनका यह भाषण न सिर्फ युवाओं के लिए प्रेरणा है, बल्कि “विकसित भारत 2047” के सपने को साकार करने की दिशा में एक मजबूत कदम भी है।









