टीडीएस वायरलस संवाददाता, टुनटुन सिंहगोपालगंज। सारण प्रमंडल में यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। प्रमंडलीय आयुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में गोपालगंज जिले में तीन नए एकीकृत चेकपोस्ट (Integrated Checkpost) स्थापित करने के प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा की गई। यदि यह प्रस्ताव मंजूर होता है तो उत्तर प्रदेश से बिहार में प्रवेश करने वाले व्यावसायिक वाहनों की निगरानी और अधिक प्रभावी हो जाएगी।
बैठक में सारण, सीवान और गोपालगंज जिलों की सड़क सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, अवैध पार्किंग, ओवरलोडिंग नियंत्रण और परिवहन नियमों के अनुपालन की स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने और राजस्व संरक्षण के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
कहां बनेंगे नए चेकपोस्ट?
वर्तमान में गोपालगंज जिले में बलथरी एकीकृत चेकपोस्ट संचालित है। इसके अतिरिक्त तीन नए चेकपोस्ट स्थापित करने का प्रस्ताव रखा गया है।
- उत्तर प्रदेश के देवरिया से विजयीपुर प्रवेश मार्ग पर।
- उत्तर प्रदेश के देवरिया से कटेया प्रवेश मार्ग पर।
- उत्तर प्रदेश के पडरौना से गोपालगंज थाना क्षेत्र के कोटनरहवां के समीप प्रवेश मार्ग पर।
इन स्थानों को रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि बड़ी संख्या में व्यावसायिक और मालवाहक वाहन इन्हीं मार्गों से बिहार में प्रवेश करते हैं।
नए चेकपोस्ट से क्या होगा फायदा?
प्रमंडलीय आयुक्त मनीष कुमार ने कहा कि अतिरिक्त चेकपोस्ट बनने से राज्य में प्रवेश करने वाले वाहनों की बेहतर निगरानी संभव होगी। इससे ओवरलोडिंग पर रोक लगेगी, परिवहन नियमों का पालन सुनिश्चित होगा और सरकारी राजस्व की सुरक्षा भी होगी।
इसके अलावा, अवैध खनन, तस्करी और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों पर नियंत्रण स्थापित करने में भी इन चेकपोस्टों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। अधिकारियों का मानना है कि आधुनिक तकनीक से लैस चेकपोस्ट सड़क सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाएंगे।
सड़क सुरक्षा को लेकर दिए गए अहम निर्देश
बैठक के दौरान सड़क सुरक्षा समिति की निधि से यातायात प्रबंधन को मजबूत करने के लिए आवश्यक कार्यों को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया गया। अधिकारियों को सड़क संकेतक, चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग, स्ट्रीट लाइटिंग और स्पीड कंट्रोल उपायों को तेजी से पूरा करने के लिए कहा गया।
विशेष रूप से दुर्घटना संभावित क्षेत्रों (Accident Prone Zones) की पहचान कर वहां सुरक्षा उपाय बढ़ाने पर जोर दिया गया। प्रशासन का उद्देश्य सड़क हादसों में कमी लाना और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
अवैध पार्किंग और ओवरलोडिंग पर सख्ती
प्रमंडलीय आयुक्त ने राष्ट्रीय और राज्य उच्च पथों के किनारे अवैध रूप से खड़े वाहनों पर चिंता जताई। उन्होंने जिलाधिकारियों, पुलिस विभाग और परिवहन अधिकारियों को संयुक्त अभियान चलाकर अवैध पार्किंग तथा ओवरलोडिंग के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि सड़क किनारे खड़े भारी वाहन न केवल यातायात बाधित करते हैं, बल्कि गंभीर सड़क दुर्घटनाओं का कारण भी बनते हैं। ऐसे मामलों में नियमित जांच और दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
बैठक में कौन-कौन रहे मौजूद?
बैठक में सारण प्रक्षेत्र के पुलिस उप महानिरीक्षक, गोपालगंज के जिलाधिकारी, उप विकास आयुक्त, क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार के सचिव, अपर समाहर्ता, जिला परिवहन पदाधिकारी, यातायात पुलिस उपाधीक्षक और मोटरयान निरीक्षक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। वहीं सीवान और गोपालगंज के अन्य अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।
प्रस्तावित चेकपोस्टों के संबंध में प्रशासनिक प्रक्रिया जल्द आगे बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही सड़क सुरक्षा, ओवरलोडिंग नियंत्रण और अवैध पार्किंग के खिलाफ अभियान को और तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। माना जा रहा है कि इन कदमों से गोपालगंज समेत पूरे सारण प्रमंडल में यातायात व्यवस्था अधिक सुरक्षित और प्रभावी बनेगी।





