टीडीएस वायरलस संवाददाता, बिहार/न्यूज़ – गोपालगंज जिले के मांझागढ़ थाना क्षेत्र में नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने दो युवकों को 10 पुड़िया स्मैक के साथ गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
Narcotics Control Gopalganj news – जानकारी के अनुसार, मांझागढ़ पुलिस नियमित गश्त पर थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि कोइनी गांव के पास स्थित एक बगीचे में दो युवक स्मैक की बिक्री और सप्लाई कर रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी शुरू कर दी।
Narcotics Control Gopalganj – पुलिस को देखते ही दोनों युवक वहां से भागने लगे, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उनका पीछा कर उन्हें पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से 10 पुड़िया स्मैक बरामद की गई। बरामद नशीले पदार्थ को जब्त कर पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया।
Narcotics Control Gopalganj – गिरफ्तार युवकों की पहचान Koini Gaw (कोइनी गांव) निवासी रामनाथ यादव (Ramnath Yadaw) के पुत्र Chotan Kumar (छोटन कुमार) तथा बरौली थाना (Barauli Thana) क्षेत्र के चंदन टोला गांव निवासी अंबिका चौधरी के पुत्र सूरज चौधरी (Suraj Chaudhari) के रूप में हुई है। पूछताछ के बाद दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।
Narcotics Control Gopalganj – मांझागढ़ थाना प्रभारी निरंजन कुमार (Nirjan Kumar) ने बताया कि पुलिस नशे के कारोबार के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि स्मैक की आपूर्ति कहां से हो रही थी और इसके network में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
स्मैक क्या है?
स्मैक (Heroin) एक खतरनाक और अवैध मादक पदार्थ है। यह व्यक्ति के मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र पर सीधा असर डालता है। इसके सेवन से कुछ समय के लिए नशे का एहसास हो सकता है, लेकिन यह बेहद लत लगाने वाला पदार्थ है और स्वास्थ्य के लिए गंभीर रूप से हानिकारक माना जाता है।
स्मैक के नुकसान
- नशे की गंभीर लत लग सकती है।
- मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है।
- हृदय, फेफड़े और मस्तिष्क को नुकसान पहुंच सकता है।
- आर्थिक और सामाजिक जीवन प्रभावित होता है।
- ओवरडोज की स्थिति में जान का खतरा हो सकता है।
स्मैक रखने या बेचने पर कौन-सी धारा लगती है?
भारत में स्मैक (हेरोइन) से जुड़े मामलों पर मुख्य रूप से एनडीपीएस एक्ट, 1985 (Narcotic Drugs and Psychotropic Substances Act) लागू होता है। मात्रा और अपराध की प्रकृति के अनुसार:
- धारा 21 – हेरोइन/स्मैक के कब्जे, बिक्री, खरीद या परिवहन से संबंधित।
- धारा 27 – नशीले पदार्थों के सेवन से संबंधित।
- धारा 29 – साजिश या सहयोग करने पर लागू हो सकती है।
सजा बरामद मात्रा (छोटी, मध्यम या व्यावसायिक मात्रा) के आधार पर अलग-अलग हो सकती है।
Narcotics Control Gopalganj News

Narcotics Control Gopalganj today – गोपालगंज पुलिस की यह कार्रवाई गोपालगंज जिले में नशे के कारोबार पर लगाम लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। यदि जांच में और नाम सामने आते हैं तो आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।






