टीडीएस वायरलस न्यूज़, पंचदेवरी/बिहार: गोपालगंज जिले के कटेया थाना अंतर्गत पंचदेवरी प्रखंड के कोइसा पंचायत में शिक्षा के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक पहल देखने को मिली।
सुदूर देहाती क्षेत्र में शिक्षा की अलख जगाने के उद्देश्य से कर्मयोगी, युवा सोच एवं प्रगतिशील विचारधारा के पोषक, समाजसेवी और पूर्व मुखिया प्रत्याशी श्री नन्दलाल सिंह कुशवाहा द्वारा अपने निजी आवास में “बुद्धा लाइब्रेरी” का विधिवत शुभारंभ किया गया।
इस लाइब्रेरी का उद्घाटन उनकी पूजनीय माताजी के कर-कमलों द्वारा फीता काटकर किया गया, जो पूरे आयोजन का सबसे भावुक और गौरवपूर्ण क्षण रहा।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनसमूह में उत्साह और गर्व का माहौल स्पष्ट रूप से दिखाई दिया। ग्रामीण क्षेत्र में पुस्तकालय की स्थापना को लेकर स्थानीय लोगों ने इसे शिक्षा के विकास की दिशा में मील का पत्थर बताया। बुद्धा लाइब्रेरी न केवल छात्रों के लिए अध्ययन का केंद्र बनेगी,

बल्कि युवाओं, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों, शिक्षकों और पुस्तक-प्रेमियों के लिए भी ज्ञान का सशक्त मंच सिद्ध होगी।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए श्री नन्दलाल सिंह कुशवाहा जी ने कहा कि यह दिन उनके जीवन का अत्यंत गौरवशाली क्षण है। उन्होंने कहा, “आज अपनी पूजनीय माताजी के हाथों बुद्धा लाइब्रेरी का उद्घाटन होना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।
माता का आशीर्वाद और आप सभी का स्नेह ही मेरी सबसे बड़ी ऊर्जा है। मेरा सपना है कि गांव का हर बच्चा शिक्षा से जुड़े, किताबों से दोस्ती करे और अपने सपनों को साकार करे।
उन्होंने आगे कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक संसाधनों की कमी है। इसी कमी को दूर करने के उद्देश्य से बुद्धा लाइब्रेरी की स्थापना की गई है,
जहां विभिन्न विषयों की पुस्तकें, प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित सामग्री, सामान्य ज्ञान, साहित्य, इतिहास और प्रेरणादायक पुस्तकों का संग्रह उपलब्ध कराया जाएगा। आने वाले समय में लाइब्रेरी को और समृद्ध बनाने की योजना भी है।
कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य अतिथियों और शुभचिंतकों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि बुद्धा लाइब्रेरी पंचदेवरी क्षेत्र में शिक्षा की नई रोशनी फैलाएगी।
आज के डिजिटल युग में भी पुस्तकों का महत्व कम नहीं हुआ है, बल्कि सही दिशा और मार्गदर्शन के लिए पुस्तकालय की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो गई है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्र में पुस्तकालय की स्थापना समाज को बौद्धिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम है।
स्थानीय युवाओं और छात्रों ने भी इस पहल को लेकर खुशी जाहिर की। छात्रों का कहना है कि अब उन्हें पढ़ाई के लिए दूर शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। गांव में ही शांत और सकारात्मक वातावरण में अध्ययन की सुविधा मिलने से उनकी तैयारी और बेहतर हो सकेगी।
कई युवाओं ने इसे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहद उपयोगी बताया। श्री नन्दलाल कुशवाहा जी ने इस अवसर पर उपस्थित सभी सम्मानित अतिथियों, शुभचिंतकों एवं गणमान्यों के प्रति सादर हरित आभार एवं गहन कृतज्ञता व्यक्त की।
उन्होंने कहा कि समाज का सहयोग और आशीर्वाद ही किसी भी सकारात्मक प्रयास को सफल बनाता है। उन्होंने प्रकृति से प्रार्थना की कि बुद्धा लाइब्रेरी ज्ञान, पुस्तक-प्रेम और सकारात्मक विचारों का केंद्र बने तथा शिक्षा के माध्यम से समाज को आगे बढ़ाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाए।
गौरतलब है कि श्री नन्दलाल सिंह कुशवाहा पूर्व मुखिया प्रत्याशी भी रह चुके हैं और लंबे समय से सामाजिक कार्यों में सक्रिय हैं।
शिक्षा, युवा सशक्तिकरण और सामाजिक विकास के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पहले भी विभिन्न कार्यों के माध्यम से सामने आती रही है। बुद्धा लाइब्रेरी की स्थापना को लोग उनके इसी विजन का विस्तार मान रहे हैं।

कुल मिलाकर, कोइसा पंचायत में शुरू हुई बुद्धा लाइब्रेरी न सिर्फ एक भवन या पुस्तकालय है, बल्कि यह ग्रामीण समाज में शिक्षा, संस्कार और सकारात्मक सोच का एक नया अध्याय है।
आने वाले दिनों में यह पहल कितने युवाओं के भविष्य को नई दिशा देगी, यह तो समय बताएगा, लेकिन आज यह स्पष्ट है कि पंचदेवरी क्षेत्र में शिक्षा की राह पर एक मजबूत कदम बढ़ चुका है।





