टीडीएस वायरलस न्यूज़, बिहार – गोपालगंज में पछुआ हवाओं के तेज चलने से ठंड और कनकनी अचानक बढ़ गई है। जिले में न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है,
जबकि सुबह और देर रात के समय यह इससे भी कम महसूस हो रहा है। बर्फीली हवाओं के कारण गलन बढ़ने से आम जनजीवन प्रभावित हो गया है। मौसम में अचानक आए इस बदलाव ने लोगों को घरों में दुबकने पर मजबूर कर दिया है।
मौसम विभाग के अनुसार, बादलों की आवाजाही के चलते जिले का अधिकतम तापमान 21 से 23 डिग्री सेल्सियस के बीच बने रहने का अनुमान है।
हालांकि पछुआ हवा की वजह से दिन में भी ठंड का असर साफ नजर आ रहा है। सुबह के समय सड़कों और बाजारों में सन्नाटा पसरा हुआ है, लोग देर से घरों से निकल रहे हैं।
इस कड़ाके की ठंड का सबसे ज्यादा असर दिहाड़ी मजदूरों पर पड़ रहा है। रोज कमाने-खाने वाले मजदूरों को न सिर्फ ठंड से जूझना पड़ रहा है, बल्कि काम मिलने में भी भारी दिक्कत हो रही है।
कई स्थानों पर मजदूर कूड़ा-करकट और लकड़ियां इकट्ठा कर अलाव जलाते नजर आए, ताकि किसी तरह शरीर को गर्म रखा जा सके। ठंड के कारण निर्माण कार्य और खुले में होने वाले काम लगभग ठप पड़ गए हैं।
शहर के प्रमुख बाजारों में सुबह के समय ग्राहक नहीं के बराबर दिख रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि ठंड बढ़ने से बिक्री पर भी असर पड़ा है।
शाम ढलते ही लोग जल्दी घर लौट जा रहे हैं। ग्रामीण इलाकों में स्थिति और भी गंभीर है, जहां गरीब परिवारों के पास पर्याप्त गर्म कपड़ों की व्यवस्था नहीं है।
मौसम विभाग ने गोपालगंज सहित उत्तर बिहार के कई जिलों में घने कोहरे और शीतलहर को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विभाग के मुताबिक, पछुआ हवाएं अभी और तेज हो सकती हैं,
जिससे गलन में और इजाफा होने की संभावना है। अगले 48 घंटों तक मौसम में किसी बड़े सुधार के आसार नहीं हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र का कहना है कि 23 दिसंबर के बाद तापमान में मामूली बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन फिलहाल लोगों को ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम है।
कोहरे के कारण सुबह और रात के समय दृश्यता भी घट सकती है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
डॉक्टरों ने इस मौसम में खास सावधानी बरतने की सलाह दी है। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने को कहा गया है।
ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनने, गरम पेय पदार्थों का सेवन करने और अलाव से सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है।
प्रशासन से भी मांग की जा रही है कि सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था बढ़ाई जाए, ताकि गरीब और जरूरतमंद लोगों को ठंड से कुछ राहत मिल सके।
फिलहाल गोपालगंज समेत पूरे उत्तर बिहार में ठंड का प्रकोप जारी है और आने वाले दो दिन लोगों के लिए और भी चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं।







