टीडीएस वायरलस न्यूज़ | गोपालगंज: गोपालगंज जिले के ऐतिहासिक मिंज स्टेडियम में होने वाले अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के 67वें प्रांतीय अधिवेशन को लेकर तैयारियां अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं।
करीब 21 वर्षों के बाद गोपालगंज को यह गौरव प्राप्त हो रहा है कि प्रदेश स्तरीय छात्र संगठन का इतना बड़ा अधिवेशन यहां आयोजित किया जा रहा है। इसे लेकर संगठन के वर्तमान और पूर्व कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है।
इसी क्रम में आज गोपालगंज स्थित कार्यालय में एक महत्वपूर्ण व्यवस्था बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें अधिवेशन से जुड़े सभी प्रमुख कार्यों, व्यवस्थाओं और जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक का उद्देश्य अधिवेशन को सुव्यवस्थित, अनुशासित और ऐतिहासिक रूप से सफल बनाना रहा। बैठक में अलग-अलग विभागों और सम्भागों का गठन कर दायित्वों का स्पष्ट विभाजन किया गया, ताकि आयोजन के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
बैठक में यह स्पष्ट रूप से कहा गया कि यह अधिवेशन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्र शक्ति, राष्ट्र निर्माण और संगठनात्मक समर्पण का प्रतीक है। इसी भावना के साथ सभी कार्यकर्ता तन, मन और धन से इस आयोजन को सफल बनाने में जुटे हुए हैं।
वर्तमान कार्यकर्ताओं के साथ-साथ परिषद के पूर्व कार्यकर्ता भी पूरे उत्साह के साथ इस महाअधिवेशन की तैयारियों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं, जो संगठन की मजबूत जड़ों और निरंतरता को दर्शाता है।
इस व्यवस्था बैठक में प्रमुख रूप से प्रांत संगठन मंत्री राकेश मौर्य जी, जिला प्रमुख मुकुल शर्मा जी, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य जितेंद्र जी, विभाग संयोजक अनीश कुमार, जिला संयोजक मंजीत राय, नगर मंत्री सूरज कुमार चंदन सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे।
इनके मार्गदर्शन में अधिवेशन से संबंधित आवास, भोजन, मंच व्यवस्था, सुरक्षा, स्वच्छता, पंजीकरण, मीडिया समन्वय और यातायात जैसी अहम व्यवस्थाओं पर गहन चर्चा की गई।
बैठक में उपस्थित कार्यकर्ताओं को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और समय-समय पर प्रगति की जानकारी साझा करें।
संगठन ने यह भी तय किया कि अधिवेशन के दौरान अनुशासन और मर्यादा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी, जिससे गोपालगंज की छवि प्रदेश स्तर पर सकारात्मक रूप से प्रस्तुत हो।
बैठक में प्रिंस सिंह, हरिओम राय, रोहित जयसवाल सहित अनेक सक्रिय कार्यकर्ता मौजूद रहे। वहीं पूर्व कार्यकर्ताओं में दीपू कुमार दीपू, चंद्रमोहन पांडे, रोशन शनि श्रीवास्तव, लखन तिवारी, विजय कुमार, मनीष किशोर नारायण, कुंवर रणवीर सिंह, बीना राय, राकेश भारती और अखिलेश्वर सिंह प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
इन सभी ने अपने अनुभव साझा करते हुए वर्तमान कार्यकर्ताओं का उत्साहवर्धन किया और अधिवेशन को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प दोहराया।
बैठक के दौरान यह भी कहा गया कि 2 जनवरी से 5 जनवरी तक चलने वाला यह प्रांतीय अधिवेशन छात्र राजनीति के साथ-साथ सामाजिक और राष्ट्रवादी विचारों का मजबूत संदेश देगा।
2 जनवरी को प्रदर्शनी उद्घाटन के साथ भव्य शुभारंभ होगा, जिसमें हजारों कार्यकर्ताओं और अतिथियों के शामिल होने की संभावना है।
कार्यकर्ताओं में इस बात को लेकर विशेष उत्साह है कि इतने वर्षों बाद गोपालगंज को इतना बड़ा आयोजन मिल रहा है। शहर को सजाने-संवारने, अतिथियों के स्वागत और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के लिए लगातार बैठकें और स्थल निरीक्षण किए जा रहे हैं।
कुल मिलाकर, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का 67वां प्रांतीय अधिवेशन गोपालगंज के लिए एक ऐतिहासिक अवसर बनता नजर आ रहा है।
संगठन की एकजुटता, कार्यकर्ताओं की मेहनत और वरिष्ठ पदाधिकारियों के मार्गदर्शन से यह आयोजन न केवल सफल, बल्कि यादगार होने की पूरी संभावना है।







