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MS University Abvp: वडोदरा एमएस यूनिवर्सिटी में ‘धक-धक’ डांस वीडियो पर बवाल – पढ़े Exclusive Report

On: April 13, 2026 6:16 AM
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टीडीएस वायरलस न्यूज़, वडोदरा/गुजरात – वडोदरा की प्रतिष्ठित महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी (एमएस यूनिवर्सिटी) एक बार फिर विवादों में घिर गई है। विश्वविद्यालय के सी.सी. मेहता ऑडिटोरियम में आयोजित ‘संस्कार संगम’ कार्यक्रम के दौरान एक छात्रा के डांस का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है। इस वीडियो को लेकर छात्र संगठनों के बीच तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है और पूरे शिक्षा जगत में इस मुद्दे पर बहस छिड़ गई है।

MS University ABVP क्या है पूरा मामला? जानकारी के अनुसार, ‘संस्कार संगम’ नामक तीन दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) द्वारा किया गया था। इस कार्यक्रम में पारंपरिक नृत्य, नाटक और अन्य सांस्कृतिक गतिविधियां शामिल थीं। इसी दौरान एक छात्रा ने मंच पर बॉलीवुड के मशहूर गाने “धक-धक करने लगा” पर डांस प्रस्तुत किया, जो मूल रूप से अभिनेत्री माधुरी दीक्षित पर फिल्माया गया था।
जैसे ही इस प्रस्तुति का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, लोगों ने इसे विश्वविद्यालय की गरिमा के खिलाफ बताया। कई यूजर्स का कहना है कि ‘संस्कार’ के नाम पर आयोजित कार्यक्रम में इस तरह की प्रस्तुति उचित नहीं है।

MS University ABVP
स्टेज पे डांस करती छात्रा का – Img

MS University ABVP पर एनएसयूआई का तीखा विरोध इस पूरे विवाद पर नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। संगठन के पदाधिकारियों ने इसे विश्वविद्यालय की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला कृत्य बताया।
एनएसयूआई के छात्र नेता अमर वाघेला ने कहा,
“एमएस यूनिवर्सिटी शिक्षा का मंदिर है, न कि मनोरंजन या अशोभनीय गतिविधियों का मंच। संस्कार के नाम पर इस तरह की डांस बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं।”

MS University ABVP | एनएसयूआई की प्रमुख मांगें एनएसयूआई ने इस मामले में प्रशासन के सामने कई मांगें रखी हैं: संबंधित छात्रा को तत्काल निलंबित किया जाए. इस तरह के कार्यक्रमों पर सख्त नियंत्रण लगाया जाए. संस्कृति के नाम पर अनुचित गतिविधियां करने वाले संगठनों पर प्रतिबंध लगाया जाए. यदि कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा. इन मांगों के चलते विश्वविद्यालय परिसर में छात्र राजनीति का माहौल गरमा गया है।

MS University ABVP वायरल वीडियो पे एबीवीपी का जवाब-विवाद बढ़ने के बाद एबीवीपी ने अपनी सफाई पेश की है। संगठन के अध्यक्ष वेद त्रिवेदी ने कहा कि कार्यक्रम के लिए लगभग 140 छात्रों ने पंजीकरण कराया था, लेकिन जिस छात्रा का वीडियो वायरल हुआ है, वह आधिकारिक रूप से पंजीकृत प्रतिभागी नहीं थी। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रा ने कार्यक्रम के बीच में ब्रेक के दौरान खुद से मंच पर आकर प्रदर्शन किया,

जिसमें संगठन की कोई भूमिका नहीं थी। एबीवीपी का कहना है कि इसे उनके कार्यक्रम से जोड़कर देखना गलत है। इस पूरे मामले में सबसे ज्यादा सवाल विश्वविद्यालय प्रशासन की चुप्पी को लेकर उठ रहे हैं। जब मीडिया ने रजिस्ट्रार और आर्ट्स फैकल्टी के डीन से संपर्क करने की कोशिश की, तो कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। प्रशासन की यह चुप्पी कई तरह की अटकलों को जन्म दे रही है। छात्र और अभिभावक दोनों ही यह जानना चाहते हैं कि आखिर विश्वविद्यालय इस मामले में क्या कदम उठाएगा।

MS University ABVP | वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर भी लोगों की राय बंटी हुई है। कुछ लोग इसे एक सामान्य सांस्कृतिक प्रस्तुति मान रहे हैं, जबकि कई इसे ‘संस्कार’ के नाम पर अनुचित बता रहे हैं। एक वर्ग का मानना है कि विश्वविद्यालयों में कला और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता होनी चाहिए, जबकि दूसरा वर्ग कह रहा है कि शैक्षणिक संस्थानों में मर्यादा और अनुशासन बनाए रखना जरूरी है।

MS University ABVP | बड़ा सवाल: ‘संस्कार’ की परिभाषा क्या? वायरल वीडियो ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है—आखिर ‘संस्कार’ की परिभाषा क्या है? क्या सांस्कृतिक कार्यक्रमों में आधुनिक प्रस्तुतियों की जगह होनी चाहिए, या केवल पारंपरिक गतिविधियों तक ही सीमित रहना चाहिए? विशेषज्ञों का मानना है कि समय के साथ संस्कृति का स्वरूप बदलता है, लेकिन संस्थानों को संतुलन बनाए रखना जरूरी होता है। क्या प्रशासन इस मामले में सख्त कार्रवाई करेगा या इसे एक सामान्य घटना मानकर नजरअंदाज कर देगा?
यदि एनएसयूआई अपने आंदोलन की घोषणा पर अमल करता है, तो आने वाले दिनों में विश्वविद्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन तेज हो सकते हैं।

MS University ABVP

MS University ABVP | एमएस यूनिवर्सिटी का यह विवाद केवल एक डांस वीडियो तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शिक्षा, संस्कृति और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के बीच संतुलन की बहस को सामने लाता है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि प्रशासन, छात्र संगठन और समाज इस मुद्दे को किस दिशा में ले जाते हैं सख्ती की ओर या संवाद की ओर।

Tuntun Singh

मैं टीडीएस वायरलस का संस्थापक हूँ, जो एक गतिशील समाचार मंच है जो खेल, शिक्षा, मनोरंजन, गोपालगंज और अन्य क्षेत्रों की ताज़ा खबरें प्रदान करता है। मैंने टीडीएस वायरलस को विविध पाठकों के लिए एक विश्वसनीय समाचार और सूचना स्रोत के रूप में स्थापित किया है। Tuntun Singh

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